रूस के साथ भारत को देख अमेरिका की उड़ी नींद, 13 सैन्य प्रशिक्षण मैदानों में लड़ाकू तैयारी का होगा परीक्षण 

रूस के साथ भारत को देख अमेरिका की उड़ी नींद, 13 सैन्य प्रशिक्षण मैदानों में लड़ाकू तैयारी का होगा परीक्षण 

हर साल होने वाली वोस्तोक मिलिट्री एक्सरसाइज हफ्तों की तैयारियों के बाद शुरू हो चुकी हैं, वोस्तोक 2022 (Vostok 2022) सैन्य अभ्यास का आयोजन रूस ने किया है। इस युद्ध अभ्यास को साइबेरिया (Siberia), सुदूर पूर्वी संघीय जिले (Far Eastern Federal District) , ओखोटस्क के सागर (Sea of ​​Okhotsk) और जापान (Japan) के सागर पर आयोजित कराया गया है. अगले कुछ दिनों में, वायु सेना (Airforce), पैराट्रूपर्स (Paratroopers) और अन्य इकाइयां में आयोजित हो रहे अभ्यासों के साथ रूस में 13 सैन्य प्रशिक्षण मैदानों में अपनी लड़ाकू तैयारी का परीक्षण करेंगे। यूक्रेन (Ukraine) से युद्ध के बाद भी रूस अपने हज़ारों सैनिकों को इस युद्ध अभ्यास में भेज रहा है. 

प्रतिद्वंद्वी से भागीदार बना चीन 

चाइना (China) इस साल के वोस्तोक अभ्यास में रूस (Russia) का सबसे मजबूत साझेदार बनकर उभरा है। आपको बता दें कि वर्ष 2018 में वापस से इस युद्ध अभ्यास का हिस्सा बनने के लिए बीजिंग (Beijing) ने अभ्यास में हज़ारों सैनिकों को भेजा और इस तरह मॉस्को के साथ अपनी एकजुटता को रेखांकित किया। एक बात यह भी है कि भले ही चीन को रूस के रणनीतिक प्रतिद्वंद्वी के रूप में देखा जाता था, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में चीन रूस का अहम सहयोगी बनकर सामने आया है. यूक्रेन से युद्ध में जब पूरी वेस्टर्न लॉबी रूस के खिलाफ हो चुकी थी, और प्रतिबन्ध लगा रही थी, तब चीन ने रूस का सहयोग किया था. जब से यूक्रेन में युद्ध शुरू हुआ है तभी से यह कोई उनका पहला अभ्यास नहीं है। आपको बताते चलें की अभी मई में ही रूस और चीन ने जापान और दक्षिण कोरिया (South Korea) के आसपास संयुक्त अभ्यास कर बमवर्षक विमान भेजे थे। फरवरी की शुरुआत में दोनों देषों ने वादा किया था, कि उनकी दोस्ती की कोई सीमा नहीं होगी।

वोस्तोक के बहाने रूस ने साधा भारत और चीन को, शुरू हुआ सैन्य अभ्यास

जहाँ एशिया (Asia) की महा शक्तियां रूस के साथ शुरू होने जा रहे युद्ध अभ्यास में भाग लेने जा रहीं हैं तो वही दूसरी तरफ अमेरिका की नींद उड़ चुकी है. काराइन जीन पियरे (Karine Jean Pierre) जो की व्हाइट हाउस (White House) की प्रेस सचिव हैं, उन्होंने मंगलवार को हुए प्रेस रिलीस कहा कि अमेरिका (America) जानता है कि रूस के भारत (India) के साथ क्या रिश्ते हैं, और वह इस संयुक्त सैन्य अभ्यास में भाग लेने की भारत की योजना को लेकर काफी चिंतित है।


कुशाग्र उपाध्याय